Prayagraj Mahakumbh 2025 : एक कांस्टेबल का कुंभ जाने का भावुक निवेदन अफसर ने मंज़ूर कर लिया। सोशल मीडिया पर यह खबर वायरल हो रही है, लोगों ने अफसर की दरियादिली की तारीफ की।

जयपुर (राजस्थान). जयपुर ग्रामीण पुलिस के एक कांस्टेबल का महाकुंभ में शामिल होने के लिए लिखा गया भावुक प्रार्थना पत्र इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। कांस्टेबल जय सिंह मूंड ने प्रयागराज में चल रहे महाकुंभ मेले में हिस्सा लेने के लिए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) जयपुर ग्रामीण ब्रजमोहन शर्मा को तीन दिन का अवकाश देने का आग्रह किया था। उनके इस प्रार्थना पत्र में न केवल धार्मिक आस्था झलकती है, बल्कि जीवन के प्रति एक गहरी समझ और कृतज्ञता भी दिखाई देती है।

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साहब ऐसा दुर्लभ योग144 वर्षों के बाद आया है जाने दीजिए…

प्रार्थना पत्र में कांस्टेबल ने लिखा कि महाकुंभ का आयोजन 12 वर्षों में एक बार होता है, लेकिन ऐसा दुर्लभ योग, जैसा इस वर्ष बन रहा है, 144 वर्षों के बाद ही संभव होता है। उन्होंने लिखा कि इस पवित्र मेले में स्नान कर जन्म-जन्मांतर के पापों से मुक्ति पाने का अवसर उन्हें दोबारा जीवन में नहीं मिलेगा। उन्होंने अवकाश के लिए हाथ जोड़कर प्रार्थना की कि इस धार्मिक अवसर पर शामिल होकर वह अपने जीवन को धन्य करना चाहते हैं।

जानिए एसपी साहब ने क्या कहा…

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ब्रजमोहन शर्मा ने कांस्टेबल की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए न केवल उनका प्रार्थना पत्र स्वीकार किया, बल्कि उन्हें तीन दिन की छुट्टी भी प्रदान की। एएसपी ने कहा कि यह एक अद्वितीय अवसर है, और ऐसे धार्मिक आयोजन में भाग लेने की भावना को समझना और सम्मान देना महत्वपूर्ण है।

कांस्टेबल की चारों तरफ हो रही खूब तारीफ

हालांकि, सोशल मीडिया पर यह प्रार्थना पत्र वायरल होने की खबरें आ रही हैं। इसे पढ़ने के बाद लोग कांस्टेबल की धार्मिक आस्था और सादगी की सराहना कर रहे हैं। वहीं, एएसपी ब्रजमोहन शर्मा द्वारा इस पहल को सकारात्मक दृष्टिकोण से लेने की भी प्रशंसा हो रही है।

कांस्टेबल जय सिंह ने दिया शानदार संदेश

महाकुंभ जैसे आयोजन न केवल आस्था और संस्कृति का प्रतीक हैं, बल्कि यह मानवता के प्रति समर्पण और आध्यात्मिकता को गहराई से समझने का अवसर भी प्रदान करते हैं। कांस्टेबल जय सिंह मूंड की इस भावना ने यह संदेश दिया है कि व्यस्त जीवन में भी धर्म और संस्कृति को प्राथमिकता दी जा सकती है। 

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