श्रीगंगानगर में कीटनाशक वाली पत्तागोभी खाने से 14 साल की स्नेहा की मौत हो गई। खेत में छिड़काव के बाद स्नेहा ने अनजाने में पत्तागोभी खा ली थी।

जयपुर. श्रीगंगानगर जिले के सदर थाना क्षेत्र के गांव एक वीकी रोही में एक दुखद घटना सामने आई है, जहां कीटनाशी के प्रभाव से 14 वर्षीय स्नेहा की मौत हो गई। पुलिस ने मर्ग दर्ज कर शव का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया है। यह घटना परिवार और गांव में गहरे शोक का कारण बन गई है। मृतका के चाचा ने पुलिस को बताया कि स्नेहा के पिता अश्विनी सब्जी उत्पादन का काम करते हैं। उन्होंने खेत में पत्तागोभी की फसल उगाई थी और 18 दिसंबर को कीटनाशक का छिड़काव किया था। स्नेहा स्कूल से लौटकर खेत पहुंची और अनजाने में कीटनाशी युक्त पत्तागोभी के पत्ते तोड़कर खा लिए। कुछ ही देर में उसकी तबीयत बिगड़ने लगी। वहीं पत्तागोभी में एक बेहद खतरनाक किस्म का कीड़ा भी पाया जाता है।

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कीटनाशकों के दुष्प्रभाव से हुई यह घटना

स्नेहा की हालत बिगड़ने पर परिजनों ने उसे तुरंत अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों ने इलाज शुरू किया, लेकिन 24 दिसंबर को उसने दम तोड़ दिया। पुलिस के अनुसार, यह घटना कीटनाशकों के दुष्प्रभाव से हुई है। कल उसका अंतिम संस्कार किया गया है। स्नेहा की असमय मृत्यु ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है। गांव में भी इस घटना को लेकर शोक की लहर है। मृतका का परिवार अपनी बेटी की मौत से टूट चुका है। परिजनों का कहना है कि यह घटना पूरी तरह से अनजाने में हुई। पुलिस ने इस मामले में जांच शुरू कर दी है। साथ ही, गांव के लोगों को कीटनाशकों के सुरक्षित उपयोग और उनके प्रभावों के बारे में जागरूक किया जा रहा है।

पत्तागोभी होता है बेहद खतरनाक किस्म का कीड़ा

बता दें कि पत्तागोभी में एक बेहद खतरनाक किस्म का कीड़ा भी पाया जाता है। जो बेहद पतला होता है, इसका आकार इतना छोटा होता है कि इसे देखना मुश्किल होता है। यह कीड़ा पत्तागोभी की परतों के बीच छुपा रहता है और सब्ज़ी पकाने के बाद भी ज़िंदा रहता है। बता दें कि इसका कीड़ा सीधा दिमाग में पहुंच जाता है जिससे कई बीमारियां जन्म लेती हैं।