American Share 5 Year India Visa: अमेरिकी नागरिक टोनी क्लोर का 5 साल का इंडियन B1 वीजा सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है। उन्होंने इसे दिखाते हुए पीएम मोदी की तारीफ और पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर तंज कसा।  

American Praises PM Modi: सोशल मीडिया पर एक अमेरिकन क्लोर एंथनी लुइस का पोस्ट तेजी से वायरल हो रहा है। ऑनलाइन टोनी क्लोर (Tony Klor) नाम के शख्स ने हाल ही में अपने 5 साल के इंडियन बिज़नेस वीजा (B1 Visa) को गर्व से दिखाते हुए एक ट्वीट किया, जिसमें उन्होंने PM नरेंद्र मोदी की तारीफ और पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर तंज कस दिया। टोनी को यह वीजा 23 सितंबर 2025 को जारी हुआ है और यह 22 सितंबर 2030 तक वैलिड रहेगा। इस वीजा के तहत वो हर विजिट पर 180 दिन तक भारत में रुक सकते हैं। यह वीजा कैटेगरी खासतौर पर उन विदेशी नागरिकों को दी जाती है जो बिजनेस मीटिंग्स, कॉन्फ्रेंसेज या टेक्नोलॉजी इवेंट्स में हिस्सा लेने भारत आते हैं।

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भारत कहता है वेलकम होम- टोनी क्लोर

टोनी क्लोर ने ट्विटर पर लिखा, 'यह आधिकारिक है! भारत विदेशी ब्लॉकचेन और एआई बिल्डरों के लिए अपने दरवाजे खोल रहा है। मुझे अभी 5 साल का भारतीय वीजा दिया गया है।' पीएम मोदी और ट्रम्प की तुलना करते हुए आगे लिखा, 'ट्रम्प कहते हैं कि विदेशी लोग पत्थर मारते हैं। मोदी कहते हैं घर में स्वागत है भाई।' इस पोस्ट को भारतीय सोशल मीडिया यूजर्स ने खूब पसंद किया है।

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भारतीय यूजर्स का रिएक्शन

टोनी के पोस्ट पर कई भारतीय यूजर्स ने कमेंट किए हैं। एक यूजर ने लिखा- 'ईमानदारी से कहूं तो, मैंने अमेरिका की यूनिवर्सिटीज में कई ब्रिलियंट इंडियन्स के साथ पढ़ाई और काम किया है। अगर यह टैलेंट इंडिया में ही इनोवेशन के लिए डायरेक्ट हुआ तो अगले 10 साल में भारत से वर्ल्ड लेवल की दिग्गज कंपनियां जरूर निकलेंगी।' दूसरे यूजर ने कहा, 'यह एक अस्थायी नॉन-इमिग्रेंट वीजा है, जो शॉर्ट-टर्म बिजनेस एक्टिविटीज के लिए होता है।' वहीं, एक अन्य यूजर ने लिखा- 'पहली बार इंडियन वीजा देख रहा हूं। वेलकम! यहां 1.45 बिलियन लोग हैं दोस्ती करने के लिए।'

भारत क्यों बना ग्लोबल टेक टैलेंट का हब?

  • मोदी सरकार लगातार ब्लॉकचेन, AI और टेक्नोलॉजी सेक्टर में निवेश और इनोवेशन को बढ़ावा दे रही है।
  • विदेशी टेक्नोलॉजी एक्सपर्ट्स को भारत आने और यहां काम करने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है।
  • मेक इन इंडिया और स्टार्टअप इंडिया जैसी योजनाएं ग्लोबल इन्वेस्टर्स और प्रोफेशनल्स को आकर्षित कर रही हैं।

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