बांग्लादेश में छात्रों के विरोध प्रदर्शन के बाद पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना को पद छोड़ना पड़ा और देश में राजनीतिक अस्थिरता छा गई।  पढ़ें पूरा घटनाक्रम।

ढाका। इन दिनों बांग्लादेश बड़े राजनीतिक संकट (Bangladesh Crisis) में है। इसकी शुरुआत हाईकोर्ट के उस विवादास्पद फैसला से हुई, जिसमें 1971 के स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के वंशजों को सरकारी नौकरी में फिर से आरक्षण दिया गया। इस फैसले के खिलाफ छात्रों ने विरोध प्रदर्शन शुरू किया।

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छात्रों के विरोध प्रदर्शन ने आगे चलकर सरकार विरोधी रुख ले लिया। इसके चलते बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना को 5 अगस्त को पद से इस्तीफा देकर देश छोड़ना पड़ा। इसके साथ ही 15 साल का उनका शासन खत्म हो गया। बांग्लादेश में हुए विरोध प्रदर्शन और हिंसा में करीब 300 लोग मारे गए हैं।

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