रूस के कामचटका प्रायद्वीप में 8.8 तीव्रता का भूकंप आया। इसकी वजह टेक्टोनिक प्लेटों का खिसकना है। कामचटका प्रायद्वीप रिंग ऑफ फायर का हिस्सा है। यहां दुनिया के 90% भूकंप आते हैं।

Russia Earthquake: रूस के सुदूर पूर्वी कामचटका प्रायद्वीप में बुधवार सुबह 8.8 तीव्रता का भूकंप आया। इसके चलते जापान, अमेरिका और प्रशांत महासागर के किनारे के कई देशों में सुनामी की चेतावनी जारी की गई है। भूकंप जिस जगह आया वह रिंग ऑफ फायर (Ring of Fire) का हिस्सा है। अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण के अनुसार भूकंप 19.3km की गहराई में आया।

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रूस में क्यों आया भूकंप?

रूस में आए भूकंप का मूल कारण पृथ्वी की सतह के नीचे गहराई में स्थित है। कामचटका प्रायद्वीप में धरती की पपड़ी के दो विशाल खंड (टेक्टोनिक प्लेट) प्रशांत प्लेट और ओखोटस्क (या उत्तरी अमेरिका) प्लेट मिलते हैं। लाखों वर्षों से प्रशांत प्लेट पश्चिम-उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ रही है। वह अपने पड़ोसी प्लेट के नीचे खिसक रही है। इसे सबडक्शन (अवसादन) कहा जाता है। एक प्लेट के दूसरी प्लेट के नीचे खिसकने से बहुत अधिक दबाव पैदा होता है। यह दबाव शक्तिशाली झटकों के साथ मुक्त होता है। इसके चलते बड़े भूकंप आते हैं।

रिंग ऑफ फायर क्या है?

कामचटका प्रायद्वीप रिंग ऑफ फायर का हिस्सा है। यह सक्रिय और निष्क्रिय ज्वालामुखियों की एक विशाल पट्टी है जो प्रशांत महासागर के अधिकांश भाग में फैली है। यह दक्षिणी चिली और अमेरिका के पश्चिमी तट से लेकर अलास्का के द्वीपों और जापान से होते हुए फिलीपींस तक फैली है। नेशनल ज्योग्राफिक के अनुसार, लगभग 90% भूकंप रिंग ऑफ फायर में आते हैं। पृथ्वी पर सभी सक्रिय ज्वालामुखियों में से 75 प्रतिशत इसी बेल्ट में स्थित हैं।

40,000km लंबी है रिंग ऑफ फायर

रिंग ऑफ फायर 40,000km लंबी है। इसका आकार घोड़े की नाल जैसा है। यह प्रशांत प्लेट की सीमा से लेकर फिलीपीन सागर प्लेट से लेकर कोकोस और नाजका प्लेटों जैसी छोटी प्लेटों तक फैली हुई है। ये प्रशांत महासागर के किनारों पर स्थित हैं।

क्या हैं टेक्टोनिक प्लेटें?

टेक्टोनिक प्लेटें चट्टान की बड़ी और अनियमित आकार की परतें हैं। ये पृथ्वी की पपड़ी और ऊपरी मेंटल का निर्माण करती हैं, जो एस्थेनोस्फीयर नाम के अर्ध-तरल परत पर तैरती हैं। समुद्र और धरती इन प्लेटों पर हैं। इन प्लेटों के घूमने से भूकंप आते हैं, ज्वालामुखी बनते हैं और पर्वतों का निर्माण होता है।

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कैसे हुआ है रिंग ऑफ फायर का निर्माण?

रिंग ऑफ फायर का निर्माण टेक्टोनिक प्लेटों के खिसकने से हुआ है। एक प्लेट के दूसरी प्लेट के नीचे आकर मेंटल से टकराने (इसे सबडक्शन कहा जाता है) से ज्वालामुखी बनते हैं। 8.0 या उससे अधिक तीव्रता वाले 80 प्रतिशत से अधिक भूकंप रिंग ऑफ फायर के आसपास आए हैं। रिंग ऑफ फायर के अधिकांश सक्रिय ज्वालामुखी रूस के कामचटका प्रायद्वीप, जापान और दक्षिण पूर्व एशिया के द्वीपों और न्यूजीलैंड में मौजूद हैं।

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