HDFC Bank Share Price Today: देश के सबसे बड़े प्राइवेट बैंक का शेयर 52-वीक लो ₹714 पर आ गया है। अमेरिका में मुकदमे और ₹45 करोड़ विवाद के बीच जानिए ब्रोकरेज की राय।

HDFC Bank Share News: देश के सबसे बड़े प्राइवेट बैंक HDFC बैंक के शेयरों में गुरुवार 27 अगस्त को भारी बिकवाली देखने को मिली। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर शेयर करीब 1.8% गिरकर अपने 52-हफ्ते के नए लो लेवल ₹714.30 पर पहुंच गया। पिछले एक साल में अपने ₹1,020.50 के हाई से यह शेयर करीब 28% से ज्यादा टूट चुका है। इस गिरावट के पीछे सबसे बड़ा कारण अमेरिका में बैंक और उसके टॉप मैनेजमेंट के खिलाफ दर्ज हुआ एक क्लास-एक्शन मुकदमा (Securities Class-Action Lawsuit) है। आइए जानते हैं कि पूरा मामला क्या है और क्या मौजूदा भाव पर निवेशकों को खरीदारी करनी चाहिए या शेयर बेचकर निकल जाना चाहिए...

अमेरिकी कोर्ट में क्या है मामला?

₹45 करोड़ का विवाद समझिए अमेरिकी डिस्ट्रिक्ट कोर्ट (सदर्न डिस्ट्रिक्ट ऑफ न्यूयॉर्क) में शेयरहोल्डर्स की तरफ से यह मुकदमा दायर किया गया है। याचिका में आरोप लगाया गया है कि HDFC बैंक ने महाराष्ट्र स्टेट रोड डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन (MSRDC) से भारी डिपॉजिट हासिल करने के लिए करीब ₹45 करोड़ का एक्स्ट्रा ब्याज दिया। आरोप के मुताबिक, इस रकम को सीधे ब्याज के बजाय रोड सेफ्टी कैंपेन के 'मार्केटिंग और स्पॉन्सरशिप खर्च' के रूप में दिखाया गया।

HDFC बैंक का रुख क्या है?

HDFC बैंक ने इन सभी आरोपों को पूरी तरह बेबुनियाद (Without Merit) बताया है। बैंक का कहना है कि अमेरिका में जब भी किसी कंपनी के शेयर गिरते हैं, तो ऐसे मुकदमों का दायर होना बहुत सामान्य है। बैंक अदालत में मजबूती से अपना पक्ष रखेगा।

HDFC Bank की फाइनेंशियल सेहत क्या वाकई बिगड़ी है?

  • शेयर में आई इस गिरावट के बीच बैंक के वित्तीय आंकड़े (Financial Health) एक अलग ही कहानी बयां कर रहे हैं:
  • चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही (Q1 FY27) में बैंक का नेट प्रॉफिट 5% बढ़कर ₹19,060 करोड़ रहा।
  • बैंक की शुद्ध ब्याज आय यानी नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) 7% बढ़कर ₹33,534 करोड़ पर पहुंच गई।
  • बैंक का ग्रॉस एनपीए (Gross NPA) सुधरकर 1.17% पर आ गया है, जो देश के बड़े बैंकों में सबसे बेहतर माना जाता है।
  • गिरावट के बाद बैंक का प्राइस-टू-अर्निंग (P/E) रेशियो घटकर करीब 13.9 पर आ गया है, जो इसके ऐतिहासिक औसत से काफी सस्ता है।

HDFC Share: अब खरीदें, बेचें या होल्ड करें?

शॉर्ट टर्म ट्रेडर्स के लिए

बाजार के जानकारों और ब्रोकरेज एनालिस्ट्स के मुताबिक, मौजूदा हालात को दो नजरियों से देखा जा सकता है। पहला शॉर्ट टर्म और दूसरा लॉन्ग टर्म। जब तक अमेरिकी मुकदमे और सेंटिमेंटल दबाव का असर खत्म नहीं होता, शेयर में थोड़ा और उतार-चढ़ाव रह सकता है। शॉर्ट टर्म ट्रेडर्स को ₹710-₹700 के लेवल पर नजर रखनी चाहिए। अगर यह लेवल टूटता है, तो थोड़ी और कमजोरी दिख सकती है।

लॉन्ग टर्म इन्वेस्टर्स के लिए

ब्रोकरेज एनालिस्ट्स के अनुसार, HDFC बैंक जैसी दिग्गज कंपनी का ₹715 के आसपास ट्रेड करना लॉन्ग-टर्म वैल्यू इन्वेस्टर्स के लिए एक आकर्षक मौका बन सकता है। बैंक का क्रेडिट ग्रोथ, एसेट क्वालिटी और मार्केट शेयर बेहद मजबूत हैं। यूएस मुकदमे अक्सर लंबी कानूनी प्रक्रिया से गुजरते हैं और इनका असर बैंक के कोर बिजनेस पर तुरंत नहीं पड़ता।

HDFC Bank Share: निवेश की रणनीति

  • ब्रोकरेज एनालिस्ट्स के मुताबिक, एकमुश्त बड़ा पैसा लगाने से बचें यानी पूरा फंड एक साथ न लगाएं।
  • SIP या चरणों (Tranches) में खरीदारी कर सकते हैं। हर 2-3% की गिरावट पर धीरे-धीरे एक्युमुलेट (Accumulate) करने की रणनीति अपना सकते हैं।
  • कम से कम 2 से 3 साल के नजरिए से ही एंट्री बनाएं, ताकि शॉर्ट-टर्म खबरों के असर से बचा जा सके।

डिस्क्लेमर: यह आर्टिकल सिर्फ सामान्य जानकारी के उद्देश्य से तैयार किया गया है। इसे निवेश की सलाह न मानें। शेयर बाजार में निवेश जोखिमों के अधीन है। किसी भी तरह के निवेश से पहले अपने सर्टिफाइड फाइनेंशियल एडवाइजर से सलाह जरूर लें।