CM Mohan Yadav Announcement: मध्यप्रदेश सरकार ने MPPSC की परीक्षा साल में दो बार आयोजित करने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने 2027 को युवा वर्ष के रूप में मनाने और रोजगार व खेलों में युवाओं को आगे बढ़ाने की बात कही।
मध्यप्रदेश में सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बड़ा ऐलान किया है। राज्य सरकार ने पहली बार मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) की परीक्षा साल में दो बार आयोजित करने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं को अधिक से अधिक रोजगार के अवसर देने और उनके भविष्य को बेहतर बनाने के लिए सरकार लगातार कदम उठा रही है। इसके साथ ही प्रदेश में साल 2027 को युवा वर्ष के रूप में मनाया जाएगा।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव मंगलवार को रायसेन रोड स्थित ओरिएंटल कॉलेज में आयोजित ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ युवा संवाद-2026’ कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान राज्यमंत्री कृष्णा गौर भी मौजूद रहीं। मुख्यमंत्री ने युवाओं से बड़े भाई की तरह संवाद किया और उनके सवालों के जवाब दिए।
युवाओं को रोजगार और आगे बढ़ने के अवसर देने पर जोर
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार युवाओं के सम्मान, उनकी बेहतरी और रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है। MPPSC की परीक्षा साल में दो बार आयोजित करने का निर्णय भी इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने युवाओं को देश और प्रदेश के विकास में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया। कॉलेज परिसर में पहुंचने पर एनसीसी और एनएसएस के विद्यार्थियों ने सलामी देकर उनका स्वागत किया।
2047 तक भारत को विकसित और शक्तिशाली बनाने का लक्ष्य
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत तेजी से आगे बढ़ रहा है। अयोध्या में भगवान श्रीराम का भव्य धाम तैयार हो चुका है। भारत दुनिया का सबसे युवा और सबसे बड़ा लोकतांत्रिक देश है। युवाओं की भागीदारी और भरोसे से ही लोकतंत्र मजबूत बना रहेगा। उन्होंने कहा कि वर्ष 2047 में देश की आजादी के 100 साल पूरे होंगे। अमृतकाल में भारत को दुनिया का सबसे शक्तिशाली, समृद्ध और हर क्षेत्र में अग्रणी देश बनाने का लक्ष्य है। इस लक्ष्य को हासिल करने में युवाओं की भूमिका अहम होगी।
वोटर लिस्ट और निष्पक्ष चुनाव पर भी हुई चर्चा
युवा संवाद के दौरान मुख्यमंत्री ने छात्रों से निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया, नागरिकों के मताधिकार, मतदाता सूची और चुनाव आयोग की भूमिका पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि चुनाव की प्रक्रिया को पारदर्शी और शुद्ध बनाए रखने के लिए मतदाता सूची में सही जानकारी होना जरूरी है। मुख्यमंत्री के मुताबिक, मतदाता सूची की शुद्धता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से चुनाव आयोग ने एसआईआर सहित जरूरी कदम उठाए हैं। कार्यक्रम में युवाओं को लोकतांत्रिक व्यवस्था और मतदान के महत्व से जुड़े विषयों पर भी जानकारी दी गई।
एशियन गेम्स में मध्यप्रदेश के खिलाड़ियों ने जीते 11 पदक
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने खेल के क्षेत्र में मध्यप्रदेश के खिलाड़ियों की उपलब्धियों का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि एशियन गेम्स में प्रदेश के खिलाड़ियों ने कुल 11 पदक हासिल किए, जिनमें 5 स्वर्ण पदक शामिल हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार युवाओं को खेलों में आगे बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। युवाओं को शिक्षा, रोजगार और खेल सहित अलग-अलग क्षेत्रों में आगे बढ़ने के अवसर उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है।






