Guru Purnima 2025 : अलवर में रिटायर हुए कोच सबल प्रताप सिंह को उनके शिष्यों ने 15 लाख की SUV गिफ्ट की। गुरु पूर्णिमा से पहले हुए इस सम्मान समारोह में देशभर के खिलाड़ी शामिल हुए। यह गुरु-शिष्य परंपरा का अनोखा उदाहरण है।

Guru Purnima 2025 : गुरु पूर्णिमा आने में भले ही कुछ दिन बाकी हैं, लेकिन अलवर शहर में खिलाड़ियों ने अपने कोच को जो सम्मान दिया, उसने पूरे खेल जगत का ध्यान खींच लिया है। इंटरनेशनल एथलेटिक्स कोच सबल प्रताप सिंह को रिटायरमेंट के मौके पर उनके शिष्यों ने 15 लाख रुपये की SUV कार गिफ्ट की है। यह आयोजन न केवल एक भावनात्मक पल था, बल्कि गुरु-शिष्य परंपरा की आधुनिक मिसाल भी बन गया। बता दें कि कोच को जितना महंगा तोहफा शिष्यों ने दिया है उसमें कोटा-अजमेर और अलवर जैसे शहरों में 2 बीएचके डुप्लेक्स खरीद सकते हैं।

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कौन हैं अलवर के कोच जिन्हें गिफ्ट में मिली कार?

। सबल प्रताप सिंह, जो 26 साल तक जिला खेल अधिकारी और भारतीय एथलेटिक्स टीम के कोच रह चुके हैं, ने हजारों खिलाड़ियों को प्रशिक्षित किया है। उनके सिखाए खिलाड़ी न केवल अंतरराष्ट्रीय मंच पर मेडल जीत चुके हैं, बल्कि कई सरकारी विभागों में उच्च पदों पर भी कार्यरत हैं। सिंह का जन्म 1965 में जयपुर में हुआ था और उन्होंने महज 15 साल की उम्र में खेल जीवन की शुरुआत की। वे 1999-2001 के दौरान राजस्थान के पहले मास्टर ऑफ स्पोर्ट्स (MS) कोर्स पास करने वाले कोच बने। उन्होंने 2001 से 2008 तक भारत की एथलेटिक्स टीम के साथ बतौर कोच कार्य किया।

अलवर के स्टेडियम में जुटे इंटरनेशनल खिलाड़ी

रिटायरमेंट समारोह अलवर के इंदिरा गांधी स्टेडियम में आयोजित किया गया, जिसमें देशभर से कई इंटरनेशनल खिलाड़ी और कोच शामिल हुए। इस अवसर पर खिलाड़ियों ने सामूहिक रूप से अपने गुरु को SUV भेंट कर उनकी वर्षों की सेवा का सम्मान किया। खिलाड़ियों का कहना था कि, “हम जो कुछ भी हैं, उन्हीं की वजह से हैं — यह हमारी गुरु दक्षिणा है।”

जानिए कब है गुरु पूर्णिमा

बता दें कि गुरु पूर्णिमा से 10 दिन पहले यह भावुक पल सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। यह घटना इस बात का प्रतीक बन गई है कि असली गुरुओं का सम्मान केवल शब्दों से नहीं, कर्म और भावना से होता है।

गुरु सबल प्रताप सिंह को रिटायरमेंट पर विदाई देने के लिए देश के कई राज्यों से छात्र पहुंचे थे । उन्होंने 25 साल के दौरान हजारों छात्र-छात्राओं को ट्रेनिंग दी है । उनसे ट्रेनिंग पाने के बाद करीब 50 छात्र इंटरनेशनल लेवल तक पहुंचे हैं । उनके सिखाए हुए कई स्टूडेंट डीएसपी , एसपी , सब इंस्पेक्टर के अलावा अन्य पदों पर लगे हुए है।