
शहादत को नमन: जोश से भर देगा यह वीडियो, घरों में खड़े होकर लोग कर रहे थे सैल्यूट
वीडियो डेस्क। देश के लिए प्राणों का बलिदान देना और तिरंगे में लिपटकर अपनी दहलीज पर आना। देश के 20 जाबांजों ने भारत माता से किया वादा अपनी अंतिम सांस तक निभाया। दुश्मन को ऐसी पटखनी दी कि चारो खाने चित हो गए। अपनी अंतिम सांस तक देश के लिए लड़ते रहे। खून की एक एक बूद मिट्टी में मिला दी। इन जाबांजों की अंतिम यात्रा आपको जोश से भर देगी
वीडियो डेस्क। देश के लिए प्राणों का बलिदान देना और तिरंगे में लिपटकर अपनी दहलीज पर आना। देश के 20 जाबांजों ने भारत माता से किया वादा अपनी अंतिम सांस तक निभाया। दुश्मन को ऐसी पटखनी दी कि चारो खाने चित हो गए। अपनी अंतिम सांस तक देश के लिए लड़ते रहे। खून की एक एक बूद मिट्टी में मिला दी। इन जाबांजों की अंतिम यात्रा आपको जोश से भर देगी। 18 बिहार रेजिमेंट के कमांडिंग ऑफिसर कर्नल संतोष बाबू का पार्थिव शरीर उनके पैतृक घऱ पहुंचा तो हर आंख भीग गई। अंतिम दर्शनों के लिए भीड़ टूट पड़ी। लोग छतों पर खड़े होकर सैल्यूट कर रहे थे। आपको बता दें कि लद्दाख की गलवान घाटी में सोमवार रात को भारत और चीन के सैनिकों में हिंसक झड़प हुई थी। इसमें 18 बिहार रेजिमेंट के कमांडिंग ऑफिसर कर्नल संतोष बाबू समेत 20 जवान शहीद हो गए। कर्नल संतोष 18 महीने से लद्दाख में भारतीय सीमा की सुरक्षा में तैनात थे।