Who Died in Satya Niketan PG Collapse: सत्य निकेतन PG हादसे में जान गंवाने वाले छात्रों में DU के छात्र और CA की तैयारी कर रहे युवा शामिल थे। जानें अक्शत यादव, पवन नाथ, अभिषेक कुमार, अर्पित जय और युवराज सोनी के बारे में।

Satya Niketan PG Collapse Deaths: दक्षिण-पश्चिम दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में PG की इमारत ढहने की घटना ने कई परिवारों से उनके होनहार बेटों को छीन लिया। रविवार दोपहर हुए इस हादसे के बाद मलबे में फंसे लोगों को निकालने के लिए राहत और बचाव अभियान रातभर चलता रहा। AIIMS दिल्ली में पांच मृतकों की पहचान होने के बाद सामने आई जानकारी बताती है कि इनमें DU के छात्र, CA की तैयारी कर रहे युवा और छोटे शहरों से बड़े सपने लेकर दिल्ली आए लड़के शामिल थे। जानिए सत्य निकेतन PG हादसे में जान गंवाने वाले छात्र कौन-कौन थे।

B.Com कर रहे थे अक्षत यादव

मध्य प्रदेश के कटनी निवासी अक्षत यादव दिल्ली विश्वविद्यालय के PDGDAV कॉलेज में B.Com सेकंड ईयर के छात्र थे। PG की इमारत गिरने के बाद उनकी मौत हो गई। सोमवार को पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद परिवार को उनका शव सौंप दिया गया। अक्षत यादव के लिए दिल्ली पढ़ाई और बेहतर भविष्य की उम्मीद लेकर आया शहर था, लेकिन हादसे ने परिवार की उम्मीदों को हमेशा के लिए तोड़ दिया।

मोतीलाल नेहरू कॉलेज के दो छात्रों की भी मौत

हादसे में मोतीलाल नेहरू कॉलेज के दो छात्रों ने भी जान गंवाई। उत्तर प्रदेश के औरैया निवासी पवन नाथ B.Sc फर्स्ट ईयर में पढ़ रहे थे। पोस्टमार्टम के बाद उनका शव परिजनों को सौंप दिया गया।

वहीं वाराणसी के रहने वाले अभिषेक कुमार भी इसी कॉलेज से पढ़ाई कर रहे थे। हादसे में उनकी भी मौत हो गई। दोनों परिवारों के लिए दिल्ली में पढ़ाई कर रहे बच्चों की मौत की खबर किसी बड़े सदमे से कम नहीं थी।

ये भी पढ़ें- Delhi Building Collapse: राजस्थान से पकड़ा गया बिल्डिंग का मालिक हरिराम गुप्ता, अब तक 7 छात्रों की मौत

छुट्टी से लौटे थे अर्पित, फिर घर पहुंचा शव

मध्य प्रदेश के देवास निवासी 18 वर्षीय अर्पित जय हाल ही में रक्षाबंधन की छुट्टी मनाकर दिल्ली लौटे थे। रविवार सुबह ही वह अपने PG पहुंचे थे। कुछ ही घंटों बाद परिवार को उनके मलबे में दबने और मौत की खबर मिली। अर्पित के पिता भूपेंद्र जय देवास में कैब चलाते हैं। उनका बेटा CA की तैयारी कर रहा था और बड़े शहर में पढ़कर अपना भविष्य बनाना चाहता था। परिवार ने बताया कि अर्पित पढ़ाई में अच्छा कर रहा था और उसके बड़े सपने थे। हादसे के बाद परिवार ने उसकी आंखों के कॉर्निया दान करने का फैसला लिया।

CA बनने का सपना लेकर कुछ दिन पहले ही PG बदला था युवराज

छत्तीसगढ़ के रहने वाले युवराज सोनी भी इस हादसे में जान गंवाने वाले छात्रों में शामिल हैं। वह मोतीलाल नेहरू कॉलेज के सेकंड ईयर के छात्र थे और CA बनने की तैयारी कर रहे थे। दोस्तों के मुताबिक, युवराज कुछ दिन पहले ही इस PG में शिफ्ट हुए थे। इससे पहले वह नॉर्थ कैंपस इलाके में रहते थे और बेहतर ठिकाने की तलाश में PG बदला था। परिवार अभी सदमे में है और उनकी बहन निशी सोनी ने बताया कि घरवाले इस दुख से उबर नहीं पा रहे हैं। युवराज की अंतिम पहचान की प्रक्रिया के लिए परिवार के AIIMS पहुंचने का इंतजार था।

ये भी पढ़ें- Delhi Building Collapse: 24 घंटे में क्या-क्या हुआ? सत्य निकेतन PG हादसे की पूरी कहानी

हादसे के बाद जांच और कार्रवाई तेज

PG हादसे के बाद दिल्ली सरकार ने चार या उससे अधिक मंजिल वाली इमारतों की तत्काल जांच और सीलिंग के आदेश दिए हैं। MCD ने दक्षिण जोन के पांच अधिकारियों को निलंबित किया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने भी मौके का दौरा कर लापरवाही सामने आने पर जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही है।

इस बीच NDRF, SDRF, DDMA और CATS समेत कई एजेंसियां राहत-बचाव अभियान में जुटी रहीं। दिल्ली हाई कोर्ट में भी हादसे को लेकर दाखिल जनहित याचिका पर सुनवाई के लिए सहमति दी गई है। अब जांच का बड़ा सवाल यही है कि जिस इमारत में छात्र रह रहे थे, उसकी हालत को लेकर पहले से शिकायत या लापरवाही थी तो जिम्मेदारी किसकी थी।