‘हनुमान अंश’ बॉक्स ऑफिस पर ऐसी दौड़ी किया कि शुरुआत देखकर किसी ने नहीं सोचा होगा। फिल्म ने बाद के हफ्तों में पकड़ बनाई और ग्रॉस कलेक्शन में यह 50 करोड़ का आंकड़ा पार कर चुकी है।

बॉक्स ऑफिस पर फिल्मों का चलना अक्सर ओपनिंग वीकेंड से तय माना जाता है, लेकिन ‘हनुमान अंश’ ने इस ट्रेंड को उलट दिया है। धीमी शुरुआत के बाद इस स्पिरिचुअल ड्रामा की कमाई में अचानक तेजी आई और तीसरे वीक से फिल्म ने ऐसा मोमेंटम पकड़ा कि अब इसकी कमाई हैरान कर रही है। खासकर चौथे हफ्ते में फिल्म ने उम्मीद से कहीं बेहतर प्रदर्शन किया। शुरुआती दौर में मामूली कमाई करने वाली यह फिल्म अब बॉक्स ऑफिस पर एक बड़े माइलस्टोन के बेहद करीब पहुंच चुकी है। आखिर ऐसा क्या बदला कि रिलीज के कई हफ्तों बाद ‘हनुमान अंश’ की ऑडियंस अचानक बढ़ने लगी? इसके पीछे वर्ड ऑफ माउथ को अहम वजह माना जा रहा है।

'हनुमान अंश' ने 25वें दिन कितनी कमाई की?

ट्रेड ट्रेलर वेबसाइट sacnilk.com की रिपोर्ट के मुताबिक़, रिलीज के 25वें दिन यानी चौथे सोमवार को 'हनुमान अंश' ने लगभग 5.15 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया। चौथे रविवार की कमाई (12.75 करोड़ रुपए) के मुकाबले कलेक्शन में 59.6 फीसदी की गिरावट आई है। लेकिन 25वें दिन भी इस फिल्म का नेट कलेक्शन लागत (1.8 करोड़ रुपए) के मुकाबले लगभग तीन गुना (2.86 गुना) है। 25 दिन बाद फिल्म का भारत में नेट कलेक्शन 45.28 करोड़ रुपए पहुंच गया है, जबकि ग्रॉस कलेक्शन 53.43 करोड़ रुपए पहुंच गया है।

‘हनुमान अंश’ का बॉक्स ऑफिस कलेक्शन कितना पहुंच गया?

‘हनुमान अंश’ ने सिनेमाघरों में महज 10 लाख रुपए नेट की ओपनिंग की थी। पहले हफ्ते में फिल्म की कमाई 1.08 करोड़ रुपए रही, जबकि दूसरे हफ्ते में कलेक्शन घटकर 40 लाख रुपए रह गया। इसके बाद तीसरे हफ्ते में फिल्म ने जबरदस्त पलटी मारी और 10.40 करोड़ रुपए कमा लिए। चौथे हफ्ते में भी इसकी रफ्तार बनी रही। 22वें दिन फिल्म ने 6.25 करोड़ रुपए, 23वें दिन 9.25 करोड़ रुपए और 24वें दिन 12.75 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया। 25वें दिन अब तक 5.15 करोड़ रुपए जुड़ चुके हैं।

‘हनुमान अंश’ किसकी कहानी पर आधारित है?

150 मिनट लंबी ‘हनुमान अंश’ एक स्पिरिचुअल ड्रामा है, जो नीम करौली बाबा, जिन्हें महाराज जी के नाम से भी जाना जाता है, के जीवन और शिक्षाओं से प्रेरित है। फिल्म में शोभिनव सत्य और विहान शेडगे लीड रोल में हैं। इनके अलावा चंदन आनंद, पूर्णिमा तिवारी, अनिल के. रस्तोगी और गुलशन पांडे भी फिल्म का हिस्सा हैं। फिल्म की कहानी और आध्यात्मिक थीम ने इसे आम कमर्शियल रिलीज से अलग पहचान दी है। फिलहाल इसका सबसे बड़ा आकर्षण इसका असामान्य बॉक्स ऑफिस सफर है—जहां धीमी शुरुआत के बाद फिल्म ने हफ्तों बाद अपनी असली रफ्तार पकड़ी।