कानपुर के हिरनी गांव में कच्चा मकान अचानक गिरने से एक ही परिवार के चार सदस्यों की मौत हो गई। मलबे में दबे पांच लोगों को रेस्क्यू कर अस्पताल पहुंचाया गया था। हादसे में 20 वर्षीय काजल घायल हैं और हैलट अस्पताल में इलाज जारी है।
कानपुर के साढ़ थाना क्षेत्र के हिरनी गांव में एक परिवार की रात अचानक मातम में बदल गई। कच्चा मकान भरभराकर गिरा तो उसके मलबे में एक ही परिवार के पांच सदस्य दब गए। रेस्क्यू टीम ने सभी को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया, लेकिन इलाज के दौरान चार लोगों की मौत हो गई। हादसे में परिवार की 20 वर्षीय बेटी काजल घायल है, जिसका इलाज जारी है।
एक-एक कर चार जिंदगियां चली गईं
हादसा ब्लॉक पतारा के ग्राम हिरनी में मुकेश कुमार के कच्चे मकान में हुआ। मकान गिरने की सूचना मिलते ही साढ़ थाना पुलिस और अग्निशमन विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं। राहत कार्य के लिए तीन फायर टेंडर, रेस्क्यू उपकरण और एक एमडीआरवी भेजी गई।
रेस्क्यू के दौरान मलबे से मुकेश कुमार (45), उनकी बेटियां काजल (20), माया (17), नीतू (7) और पल्लवी (5) को बाहर निकाला गया। सभी को एंबुलेंस से अस्पताल भेजा गया।
लेकिन अस्पताल में इलाज के दौरान मुकेश कुमार, माया, नीतू और पल्लवी को चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। हादसे में काजल अकेली घायल बची हैं। उन्हें बेहतर उपचार के लिए हैलट अस्पताल रेफर किया गया है।
यह भी पढ़ें: सत्य निकेतन हादसे के बाद अमित शाह ने रद्द किया गोवा दौरा, मलबे में अब भी कई लोग!
मलबा हटने के बाद भी गांव में पसरा सन्नाटा
एक ही परिवार के चार सदस्यों की मौत ने पूरे गांव को झकझोर दिया है। खासकर दो छोटी बच्चियों की मौत ने इस हादसे को और दर्दनाक बना दिया है। घटना के बाद पुलिस बल और रेस्क्यू टीम मौके पर मौजूद रही। राहत एवं बचाव कार्य पूरा कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
इस हादसे ने एक बार फिर ग्रामीण इलाकों में कच्चे मकानों की मजबूती और कमजोर आवासीय ढांचों की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े किए हैं। चार जिंदगियां खत्म होने के बाद अब जांच में यह भी सामने आना जरूरी है कि मकान अचानक क्यों गिरा और क्या परिवार को पहले से किसी खतरे का अंदेशा था।
यह भी पढ़ें: दिल्ली में भरभराकर गिरी छात्रों से भरी बिल्डिंग, 7 फोटो में देखें कितना भयानक था ये हादसा
