दिल्ली की सड़कों पर 300 नई इलेक्ट्रिक बसें उतर गई हैं। अमित शाह ने EV बसों को हरी झंडी दिखाई, जबकि रेखा गुप्ता सरकार ने 2027 तक 7,000 EV बसों का लक्ष्य रखा है। जानिए नई EV पॉलिसी, 100 ऑक्सीजन पार्क और ग्रीन ट्रांसपोर्ट से जुड़े बड़े अपडेट।
Delhi EV Bus News 2026: दिल्ली में सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक और प्रदूषण मुक्त बनाने की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाया गया है। राजधानी की सड़कों पर अब 300 नई इलेक्ट्रिक (EV) बसें उतर चुकी हैं। इन बसों को मंगलवार को आर.के. पुरम स्थित सेंट्रल पार्क में आयोजित कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने हरी झंडी दिखाई। इसी अवसर पर ‘मिशन 70 लाख’ पौधरोपण अभियान की भी शुरुआत की गई, जिसका उद्देश्य दिल्ली के हरित क्षेत्र को बढ़ाना और पर्यावरण संरक्षण को मजबूती देना है।

दिल्ली में बढ़ेगा ग्रीन ट्रांसपोर्ट, कुल EV बसें हुईं 4,800
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कार्यक्रम के दौरान कहा कि दिल्ली सरकार केंद्र के सहयोग से यमुना के पुनर्जीवन, पर्यावरण संरक्षण और इको-रिस्टोरेशन पर तेजी से काम कर रही है। उन्होंने बताया कि राजधानी में अब तक का सबसे बड़ा ग्रीन कवर अभियान शुरू किया गया है और इसके लिए विशेष ग्रीन बजट भी लागू किया गया है।
नई 300 इलेक्ट्रिक बसों के शामिल होने के बाद दिल्ली में कुल बसों की संख्या बढ़कर 4,800 हो गई है, जो देश में सबसे अधिक बताई जा रही है। सरकार ने वर्ष 2027 तक इस संख्या को बढ़ाकर 7,000 इलेक्ट्रिक बसों तक पहुंचाने का लक्ष्य तय किया है।
100 ऑक्सीजन पार्क और RWA को मिलेगी आर्थिक मदद
सरकार ने राजधानी में 100 ऑक्सीजन पार्क विकसित करने की योजना भी घोषित की है। इनमें से 18 पार्कों पर काम शुरू हो चुका है। इसके अलावा, स्थानीय पार्कों के रखरखाव और हरियाली बढ़ाने के लिए रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWA) को आर्थिक सहायता देने की भी योजना है। सरकार का मानना है कि इन पहलों से न केवल हरित क्षेत्र बढ़ेगा, बल्कि दिल्ली की वायु गुणवत्ता में भी सुधार देखने को मिलेगा।
EV Policy 2026 के तहत केवल इलेक्ट्रिक बसों पर रहेगा फोकस
दिल्ली सरकार ने 30 जून को दिल्ली इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी 2026 की घोषणा की थी। इस नीति का उद्देश्य इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देना, प्रदूषण कम करना और राजधानी में बेहतर इलेक्ट्रिक मोबिलिटी इकोसिस्टम तैयार करना है।
नई नीति के अनुसार, दिल्ली परिवहन निगम (DTC) और परिवहन विभाग भविष्य में जितनी भी नई इंट्रा-स्टेट बसें शामिल करेंगे, वे सभी इलेक्ट्रिक होंगी। पिछले एक वर्ष से DTC छोटी 9-मीटर इलेक्ट्रिक बसों की संख्या भी बढ़ा रहा है, जिससे उन रूटों पर कनेक्टिविटी बेहतर होने की उम्मीद है जहां बड़ी बसों का संचालन मुश्किल होता है। सरकार का कहना है कि यह पूरी पहल केंद्र सरकार की PM E-Drive योजना के सहयोग से आगे बढ़ाई जा रही है। आने वाले वर्षों में इसका सीधा लाभ लाखों दैनिक यात्रियों को मिलने की उम्मीद है।


