टीवी से लेकर कई फिल्मों में अपनी एक्टिंग से करोड़ों लोगों के दिलों पर राज करने वाले एक्टर राजेश कुमार ने अपनी जिंदगी का वो राज उजागर किया है। जो बेहद मार्मिक है। कैसे उऩ्होंने सद्गुरु की सलाह पर एक्टिंग छोड़ दी और बिहार में खेती करने चले गए थे।
सोचिए कोई मशहूर एक्टर, जिसने अपनी शानदार एक्टिंग ना सिर्फ करोड़ों लोगों का दिल जीता, बल्कि घर-घर एक अलग पहचान बनाई हो वो कभी किसी के कहने पर एक्टिंग छोड़ सकता है। इतना ही नहीं अपनी जिंदगीभर की जमा पूंजी तक बर्बाद कर कर्ज में डूब जाए। लेकिन यह रील नहीं रियल स्टोरी है, यह कहानी है टीवी के मशहूर कॉमेडी शो ‘साराभाई वर्सेज साराभाई' में रोशेश का किरदार निभाने वाले एक्टर राजेश कुमार की। जो ग्लैमरस दुनिया को छोड़कर बिहार में खेती करने लगे थे। उन्होंने इतना बड़ा फैसला सिर्फ आध्यात्मिक गुरु सद्गुरु के कहने पर किया था। अब उन्होंने एक इंटरव्यू में अपनी जिंदगी के सबसे बुरे दिनों को याद करते खुलासा किया है।
सद्गुरु की सलाह पर छोड़ दी मुंबई
दरअसल, राजेश कुमार ने साल 2017 में एक्टिंग से दूरी बनाते हुए मुंबई छोड़कर अपने गांव यानि बिहार शिफ्ट हो गए थे। उन्होंने बताया कि मैं उस वक्त सद्गुरु का अनुयायी था, उनके हर इवेंट में पहुंचा था। यहां तक कि मैंने उनके कई ईशा फाउंडेशन के लिए कई इवेंट्स भी होस्ट किए। धीरे धीरे मुझ पर भी गुरूदेव की बातों का गहर असर हुआ और मैंने उनकी सलाह या उनसे प्रेरित होकर एक्टिंग छोड़ने का मन बना लिया। फिर मुंबई छोड़कर बिहर पहुंच गया और वहां बागवानी शुरू कर दी।
सारी जमां पूजीं गई…2 करोड़ का कर्ज भी हुआ
राजेश कुमार ने कहा कि मैंने गुरुदेव का संदेश अपने मन में बसा लिया कि युवाओं को आज के हिसाब से खेती करना चाहिए। बस मैं भी करने लगा। बल्कि मैं किसानों को समय समय पर सलाह भी देने लगा। लेकिन मुझे नहीं पता था कि मैं इस फील्ड में नया हूं और मुझे इसकी ठीक से जानकारी नहीं है। मैंने पांच साल तक खेती की, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। उल्टा मुझ पर 2 करोड़ रुपये का कर्ज हो गया। जबकि मैंने इसके लिए जी तोड़ मेहनत की। वह दिन इतने संघर्ष भरे थे कि मैंने अपने बेटे के स्कूल के बाहर सब्जियां तक बेचीं। जिंदगी भर की सारी जमां पूंजी खर्च कर दी। लेकिन कभी कोई फायदा नहीं हुआ।
कभी खेत और मिट्टी को नहीं पहचान सके
राजेश कुमार ने कहा- खेत और मिट्टी को समझने में पांच साल लग गए। इस दौरान मेरे जीवन में एक के बाद एक कई मुश्किलें आईं। कभी फसल या पौधे लगाता तो जानवर खा जाते तो कभी बाढ़ आ गई और सब कुछ बह गया। लेकिन मैंने हिम्मत नहीं हारी और फिर से 15,000 पेड़ लगाए, लेकिन COVID-19 महामारी में फिर से उनको बड़ा झटका तब लगा। उन्होंने कहा कि इस दौरन कभी मेरा मन विचलित नहीं हुआ। कभी निराशा नहीं हुई। क्योंकि वह आध्यात्मिकता से जुड़े हुए थे। यह जरूर था कि मैं सफल नहीं हो रहा था। लेकिन गुस्सा नहीं आ रही थी। बस कभी कभी यही लगता था कि मैं अपने परिवार के पेट भरने लाइक भी नहीं कमा पा रहा हूं।
कौन हैं राजेश कुमार?
बता दें कि राजेश कुमार कॉमेडी के लिए जाने जाते हैं। 2000 के दशक के शो 'साराभाई वर्सेज साराभाई' में रोसेश की भूमिका नजर आए थे। इसके अलावा वह कई फिल्मों में भी एक्टिंग कर चुके हैं। हाल ही में, उन्हें 'सैयारा' में देखा गया था। वहीं 'है जवानी तो इश्क होना है', 'ओह माय डॉग', 'निशांची' समेत कई फिल्मों में काम कर चुके हैं।


