Apple Event: 'हनुमान अंश' फिल्म की चर्चा के बीच नया iPhone आ रहा है। क्या स्टीव जॉब्स सच में नीम करोली बाबा से मिले थे? जानिए Apple और कैंची धाम आश्रम का कनेक्शन।
Apple iPhone 18 Launch Event Today: सिनेमाघरों में इन दिनों एक चमत्कार देखने को मिल रहा है। महज ₹1.80 करोड़ के बजट में बनी फिल्म 'हनुमान अंश' शुरुआती तीन हफ्तों तक बॉक्स ऑफिस पर बिल्कुल खामोश रही। ऐसा लगा कि फिल्म कब आई और कब चली गई, किसी को पता भी नहीं चला। लेकिन उसके बाद जो हुआ, उसे लोग नीम करोली बाबा की कृपा मान रहे हैं। चौथे हफ्ते से फिल्म ने ऐसी रफ्तार पकड़ी कि टिकट खिड़की के सारे पुराने रिकॉर्ड टूटते नजर आ रहे हैं। दूसरी तरफ, टेक जगत की सबसे बड़ी कंपनी Apple आज 9 सितंबर की रात अपना एनुअल इवेंट करने जा रही है। जिसमें पहला फोल्डेबल आईफोन लाने की चर्चा है। क्या आप जानते हैं कि नीम करोली बाबा के कैंची धाम आश्रम और Apple के बीच भी एक बड़ा कनेक्शन है। आइए जानते हैं पूरी कहानी...
ऐपल फाउंडर कैंची धाम कब आए?
ये किस्सा 1974 का है। अमेरिका का 19 साल का एक लड़का, जो जीवन के गहरे सवालों और मानसिक शांति की तलाश में था, अपना सब कुछ छोड़कर भारत आ पहुंचा। उस लड़के का नाम स्टीव जॉब्स था। जॉब्स ने नीम करोली बाबा के बारे में काफी सुन रखा था और वे उत्तराखंड के नैनीताल स्थित कैंची धाम आश्रम के लिए निकल पड़े। लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। जब स्टीव जॉब्स कैंची धाम पहुंचे, तो उन्हें पता चला कि नीम करोली बाबा का देहांत कुछ महीने पहले सितंबर 1973 में ही हो चुका था। जॉब्स कभी बाबा से आमने-सामने नहीं मिल सके। कोई व्यक्तिगत बातचीत नहीं हुई, न ही बाबा ने उन्हें कोई गुप्त गुरुमंत्र दिया।
मुलाकात नहीं हुई, फिर Apple की तकदीर कैसे बदली?
नीम करोली बाबा भले ही सशरीर नहीं थे, लेकिन उस यात्रा ने स्टीव जॉब्स के सोचने का नजरिया हमेशा के लिए बदल दिया। जॉब्स ने भारत में करीब 7 महीने बिताए। उन्होंने यहां ध्यान, भारतीय दर्शन और सबसे बढ़कर 'सादगी' को करीब से महसूस किया। जॉब्स ने खुद माना था कि भारत की यात्रा ने उन्हें अपनी भीतरी आवाज यानी 'इंट्यूशन' पर भरोसा करना सिखाया।
Apple की शुरुआत और खासियत
जॉब्स जब वापस अमेरिका लौटे और बाद में Apple की शुरुआत की, तो उन्होंने भारत में सीखी इसी 'सादगी' को अपने गैजेट्स की आत्मा बना दिया। Apple के फोन, लैपटॉप और कंप्यूटर इतने साफ-सुथरे, आसान और बिना तामझाम वाले क्यों होते हैं? इसके पीछे का विजन उस 7 महीने की भारतीय खोज में ही गढ़ा गया था।
फोल्डेबल आईफोन आज लॉन्च होगा
1 सितंबर को टिम कुक के पद छोड़ने के बाद कंपनी के नए सीईओ जॉन टर्नस आज पहली बार मंच संभालेंगे। इस बार का इवेंट कई मायनों में ऐतिहासिक होने वाला है। बढ़ती मेमोरी चिप लागत के चलते कंपनी ने इस बार रेगुलर (स्टैंडर्ड) मॉडल को ड्रॉप कर दिया है। इवेंट में सिर्फ तीन अल्ट्रा-प्रीमियम डिवाइस पेश होने की उम्मीद है। पहला Foldable iPhone, iPhone 18 Pro और iPhone 18 Pro Max। इसके साथ ही नई वॉच सीरीज और नेक्स्ट-जेन एयरपॉड्स भी मंच पर उतारे जाएंगे।
फोल्डेबल आईफोन में क्या-क्या खास मिलेगा?
डिस्प्ले और साइज: बाहर 5.5 इंच की कवर स्क्रीन मिलेगी, लेकिन जैसे ही आप इसे खोलेंगे, यह 7.6 से 7.8 इंच के बड़े इनर डिस्प्ले के साथ एक तरह से 'iPad Mini' बन जाएगा।
अल्ट्रा-स्लिम डिजाइन: अनफोल्ड होने पर इसकी मोटाई महज 4.5mm रह जाएगी।
सिक्योरिटी में बदलाव: नए फोल्डेबल डिजाइन की वजह से फेस ID की छुट्टी हो गई है और साइड-माउंटेड टच ID की वापसी हुई है।
परफॉर्मेंस और बैटरी: फोन में नेक्स्ट-जेन A20 चिपसेट और भारी इस्तेमाल के लिए 5000mAh या उससे बड़ी बैटरी मिलेगी।
फोल्डेबल आईफोन की कीमत कितनी होगी?
ये फोन अल्ट्रा-प्रीमियम सेगमेंट के लिए डिजाइन किया गया है। भारत में इसके फोल्डेबल मॉडल की शुरुआती कीमत करीब ₹2.20 लाख रहने का अनुमान है, जबकि इसके टॉप-एंड स्टोरेज वेरिएंट की कीमत ₹3 लाख के पार जा सकती है।


