Swatantra Bhardwaj Education Qualification: निशु आजाद के पिता से जंतर-मंतर पर हुई मारपीट और वायरल पॉडकास्ट के बाद स्वतंत्र भारद्वाज सुर्खियों है। गिरफ्तारी तक की मांग हो रही है। इस बीच जानिए स्वतंत्र भारद्वाज ने कितनी पढ़ाई की है और क्या करता है?
Swatantra Bhardwaj Profile: सोशल मीडिया पर अचानक सुर्खियों में आए स्वतंत्र भारद्वाज का नाम इन दिनों दिल्ली के जंतर-मंतर से जुड़े एक मारपीट के मामले को लेकर चर्चा में है। खुद को हिंदुत्व विचारधारा से जुड़ा एक्टिविस्ट और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर बताने वाले स्वतंत्र का एक पॉडकास्ट वीडियो वायरल हुआ, जिसमें उन्होंने निशु आजाद के पिता संजय कुमार के साथ हुई मारपीट का जिक्र किया। इसके बाद मामला सड़क से निकलकर सियासी बहस तक पहुंच गया है। जानिए स्वतंत्र भारद्वाज का एजुकेशन, करियर समेत पूरी डिटेल।
स्वतंत्र भारद्वाज कितना पढ़ा-लिखा, जानिए करियर
सार्वजनिक रूप से उपलब्ध जानकारी के मुताबिक स्वतंत्र भारद्वाज बिहार के दरभंगा से ताल्लुक रखता है और फिलहाल दिल्ली में रहता है। उसकी पहचान मुख्य तौर पर सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर और दक्षिणपंथी/हिंदुत्व विचारधारा से जुड़े एक्टिविस्ट के तौर पर सामने आती है। उनकी सोशल मीडिया प्रोफाइल पर सनातन और हिंदुत्व से जुड़े कंटेंट दिखाई देते हैं। स्वतंत्र भारद्वाज की शुरुआती पढ़ाई की बात करें तो दिल्ली आने से पहले उसने कुछ समय पटना में रहकर शिक्षा हासिल की। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, उसने पटना विश्वविद्यालय से पढ़ाई करने के बाद दिल्ली विश्वविद्यालय में एडमिशन लिया। वहीं, उनके LinkedIn प्रोफाइल के अनुसार, उसने इलाहाबाद विश्वविद्यालय में लाइफ साइंसेज से पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई के लिए भी एडमिशन लिया था। करियर की बात करें तो वह खुद को इन्फ्लुएंसर बताता है।
जंतर-मंतर विवाद से कैसे जुड़ा स्वतंत्र भारद्वाज का नाम?
मामला 23 जून 2026 को जंतर-मंतर पर CJP के प्रदर्शन का है। FIR के अनुसार प्रदर्शन के दौरान संजय कुमार वीडियो बना रहे थे। इसी बात को लेकर विवाद हुआ और मारपीट में उनके सिर पर चोट आई। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक इस मामले में स्वतंत्र भारद्वाज और सूरज कुमार के नाम आरोपी के तौर पर दर्ज हैं। FIR में BNS की धारा 115(2), 126(2) और 3(5) लगाई गई थी। विवाद तब और बढ़ गया जब वायरल पॉडकास्ट में स्वतंत्र ने घटना को लेकर ऐसे दावे किए, जिनमें उन्होंने संजय के सिर पर चोट पहुंचाने की बात कही और राजनीतिक संपर्कों का भी जिक्र किया।
पुलिस ने क्या कहा?
यहां एक अहम बात समझना जरूरी है। सोशल मीडिया पर संजय कुमार के सिर में गंभीर फ्रैक्चर या “खोपड़ी फटने” की बातें वायरल हैं, लेकिन दिल्ली पुलिस ने इन दावों से असहमति जताई है। पुलिस के मुताबिक RML अस्पताल की मेडिकल जांच में चोटों को सिंपल नेचर का बताया गया था और सिर की चोट कड़े से लगने की बात कही गई थी। पुलिस ने राजनीतिक दबाव के आरोपों को भी खारिज किया है।
अब क्यों गरमाया मामला?
निशु आजाद के वीडियो और वायरल पॉडकास्ट के बाद मामला फिर चर्चा में आया। राहुल गांधी ने निशु के समर्थन में प्रतिक्रिया दी, जबकि CJP ने संसद मार्ग थाने तक प्रदर्शन कर स्वतंत्र भारद्वाज के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। अब विवाद का केंद्र यही है कि वायरल वीडियो में किए गए दावों और पुलिस रिकॉर्ड में दर्ज तथ्यों की पूरी जांच किस तरह होती है।
