दिल्ली में H1N1 यानी स्वाइन फ्लू के करीब 3 हजार मामले सामने आने की जानकारी से चिंता बढ़ी है। सरकार ने स्वास्थ्य व्यवस्था की समीक्षा की है। जानिए दिल्ली में बढ़ते मामलों के बीच अस्पतालों की तैयारी और लोगों के लिए जरूरी सावधानियां।
राजधानी दिल्ली में बदलते मौसम के बीच H1N1 यानी स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलों ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। शहर में अब तक संक्रमण के करीब 3,000 मामले सामने आने की जानकारी है। हालात को देखते हुए मुख्यमंत्री गुप्ता ने स्वास्थ्य व्यवस्था और संक्रमण की रोकथाम की तैयारियों की समीक्षा के लिए उच्चस्तरीय आपात बैठक बुलाई है। सरकार का फोकस फिलहाल संक्रमण को नियंत्रित करने के साथ अस्पतालों में जरूरी संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने पर है।
स्वास्थ्य मंत्री बोले- घबराने की जरूरत नहीं
दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री पंकज सिंह ने लोगों से पैनिक नहीं करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि सरकार स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर किसी तरह की कमी नहीं होने दी जाएगी। मंत्री के मुताबिक अस्पतालों में मरीजों के इलाज के लिए पर्याप्त डॉक्टर उपलब्ध हैं। इसके अलावा जरूरी दवाओं और मेडिकल उपकरणों का स्टॉक भी मौजूद है।
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अस्पतालों में दवा और डॉक्टरों की व्यवस्था
स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि मौजूदा स्थिति से निपटने के लिए स्वास्थ्य व्यवस्था तैयार है। प्रशासन संक्रमण के मामलों और अस्पतालों की स्थिति की लगातार निगरानी कर रहा है, ताकि जरूरत पड़ने पर समय रहते अतिरिक्त कदम उठाए जा सकें। सरकार की ओर से लोगों को भी लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करने की सलाह दी गई है।
भीड़भाड़ वाली जगहों पर रहें सतर्क
स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से भीड़भाड़ वाले इलाकों में सावधानी बरतने और संक्रमण से जुड़े लक्षण दिखाई देने पर डॉक्टर से संपर्क करने की अपील की है। खासकर लगातार बुखार, खांसी, गले में खराश या शरीर में तेज दर्द जैसे लक्षण होने पर चिकित्सकीय सलाह लेना बेहतर है। फिलहाल प्रशासन का संदेश साफ है, घबराने की जरूरत नहीं, लेकिन लापरवाही भी नहीं। दिल्ली में H1N1 के बढ़ते मामलों के बीच आने वाले दिनों में सरकार की निगरानी और रोकथाम की रणनीति अहम रहने वाली है।
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