RAF अधिकारी सोनिया सहरावत की इंस्टाग्राम स्टोरी को लेकर विवाद खड़ा हो गया। CJP ने आपत्ति जताई। जानिए पूरा विवाद, सर्विस नियम और अधिकारी का पक्ष।

Who is Sonia Sehrawat: रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) की असिस्टेंट कमांडेंट सोनिया सहरावत इन दिनों सोशल मीडिया पर की गई एक इंस्टाग्राम स्टोरी को लेकर चर्चा में हैं। दंगा नियंत्रण और भीड़ प्रबंधन में तैनात इस अधिकारी की एक पोस्ट के बाद विवाद खड़ा हो गया, जिस पर छात्र संगठन कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने आपत्ति जताई है।

कौन हैं सोनिया सहरावत?

हरियाणा की रहने वाली सोनिया सहरावत सोशल मीडिया पर पहले से काफी पॉपुलर हैं। उनके इंस्टाग्राम पर 6 लाख से अधिक फॉलोअर्स हैं और वे अक्सर अपनी पर्सनल लाइफ, फिटनेस और ड्यूटी से जुड़ी तस्वीरें और वीडियो साझा करती रहती हैं। सोनिया RAF में असिस्टेंट कमांडर हैं। 

View post on Instagram

कैसे और क्यों हुआ विवाद?

विवाद तब शुरू हुआ जब NEET पेपर लीक मामले में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर चल रहे छात्र आंदोलन के बीच सोनिया सहरावत ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर एक पोस्ट साझा की। उन्होंने एक मरे हुए कॉकरोच की तस्वीर पोस्ट करते हुए लिखा, "खुद को तो ठीक कर नहीं सकते और देश को ठीक करना चाहते हैं।" यह पोस्ट सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गई। आलोचना बढ़ने के बाद उन्होंने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी हटा दी।

CJP ने सोशल मीडिया पर जताई नाराजगी

CJP ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इस पोस्ट की आलोचना करते हुए कहा कि एक RAF अधिकारी शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों को "कॉकरोच" की तरह देख रही हैं और इससे पुलिस कार्रवाई को सही ठहराने की कोशिश की जा रही है। संगठन ने अपने पोस्ट में तंज कसते हुए लिखा, "हम कॉकरोच हैं और कॉकरोच कभी नहीं मरते।"

संसद मार्च के दौरान ड्यूटी पर थीं सोनिया सहरावत

सोमवार को संसद तक मार्च निकालने की कोशिश कर रहे छात्रों और प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस और RAF की तैनाती की गई थी। यह प्रदर्शन संसद के मानसून सत्र के पहले दिन हुआ, जहां पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए आंसू गैस और लाठीचार्ज का इस्तेमाल किया। सोनिया सहरावत भी इसी दंगा नियंत्रण टीम का हिस्सा थीं।

सर्विस नियम क्या कहते हैं?

सरकारी सेवा नियमों के अनुसार अधिकारियों को सोशल मीडिया पर ऐसी टिप्पणियों से बचने की सलाह दी जाती है जिन्हें राजनीतिक, आपत्तिजनक, व्यक्तिगत अपमान या सरकारी कर्मचारी के आचरण के विपरीत माना जा सकता है। एक अधिकारी ने नाम न प्रकाशित करने की शर्त पर कहा कि यदि कोई सरकारी अधिकारी ड्यूटी के दौरान या अपने व्यक्तिगत सोशल मीडिया अकाउंट से भी राजनीतिक टिप्पणी करता है, तो यह अनुशासनात्मक कार्रवाई का विषय बन सकता है। हालांकि, इस मामले में किसी आधिकारिक कार्रवाई की पुष्टि नहीं हुई है।

यूनिफॉर्म वाली प्रोफाइल फोटो पर भी सवाल

सर्विस नियम अधिकारियों को इंस्टाग्राम, फेसबुक और व्हाट्सएप जैसे निजी सोशल मीडिया अकाउंट पर यूनिफॉर्म में प्रोफाइल फोटो लगाने से भी बचने की सलाह देते हैं।सोनिया सहरावत का इंस्टाग्राम हैंडल '3star_Sonia' है और उनकी प्रोफाइल फोटो में वे वर्दी पहने नजर आती हैं।

सोशल मीडिया पर काफी पॉपुलर हैं सोनिया सहरावत

सोनिया सहरावत अपने इंस्टाग्राम पर नियमित रूप से अलग-अलग तरह की पोस्ट साझा करती हैं। उनके प्रोफाइल पर मंदिरों की यात्रा, बाइक राइड, फिटनेस, साड़ी लुक, छात्रों से मुलाकात और यात्रा से जुड़ी कई तस्वीरें और वीडियो मौजूद हैं। हाल ही की एक पोस्ट में वे काले क्रॉप टॉप और पीली स्कर्ट में नजर आईं, जिसका कैप्शन उन्होंने "सीरत" लिखा। एक अन्य वीडियो में वे समुद्र किनारे डांस करती दिखाई देती हैं, जहां बैकग्राउंड में फिल्म रईस का गीत "लैला" बज रहा है।

प्रेरणादायक पोस्ट भी करती हैं शेयर

  • 16 जुलाई की एक पोस्ट में उन्होंने लिखा, "यह आजादी महंगी है, लेकिन मुस्कान अनमोल है। इसलिए आंसू पोंछिए और खुशियां बांटते रहिए।"
  • 14 जुलाई की पोस्ट में उन्होंने बाजार घूमने का अनुभव साझा करते हुए बताया कि वहां दुकानदार उन्हें "विदेशी पर्यटक" कह रहे थे। इसके अलावा उनके अकाउंट पर भगवान शिव, कलयुग, सतयुग और मोटिवेशनल संदेशों से जुड़ी पोस्ट भी देखने को मिलती हैं।

ट्रेनिंग के दौरान लगी थी गंभीर चोट

  • 'Win Life Like A Warrior' पॉडकास्ट में सोनिया सहरावत ने बताया था कि ट्रेनिंग के दौरान उन्हें गंभीर चोट लगी थी और उनके शरीर पर 52 टांके लगाने पड़े थे।
  • उन्होंने कहा कि इलाज के बाद उन्होंने अपनी ट्रेनिंग पूरी की और इस घटना को अपने करियर का अहम मोड़ बताया। 
  • एक इंटरव्यू में सोनिया सहरावत ने दावा किया कि जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन में छात्रों के अलावा कुछ उपद्रवी और समाज-विरोधी तत्व भी मौजूद थे। 
  • प्रदर्शन के दौरान कुछ लोगों ने सुरक्षा बलों पर पत्थर, जूते और कांच की बोतलें फेंकीं। उन्होंने अपनी गर्दन पर खरोंच के निशान दिखाते हुए दावा किया कि उन्हें नाखूनों से भी चोट पहुंचाई गई।