मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सिंधी समाज की जीवटता की सराहना की। कहा- सरकार भाषा-संस्कृति और अधिकारों के संरक्षण के लिए प्रतिबद्ध है।

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सिंधी समाज की जीवटता, कर्मठता और अपने व्यवहार से लोगों का दिल जीतने की क्षमता की सराहना की है। उन्होंने कहा कि पिछले करीब 80 वर्षों में सिंधी समाज ने मुश्किलों और संघर्ष का लंबा दौर देखा है। विभाजन की विभीषिका के कारण लोगों को अपनी जन्मभूमि, घर और कारोबार तक छोड़ना पड़ा, लेकिन इसके बावजूद समाज ने अपना हौसला, धर्म और संस्कार नहीं छोड़ा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सिंधी समाज ने हर चुनौती को अवसर में बदलते हुए अपनी पहचान और गौरव को बनाए रखा है। समाज की इसी क्षमता पर सभी को गर्व है। उन्होंने सिंधी समाज की तुलना फिनिक्स पक्षी से करते हुए कहा कि उसमें हर मुश्किल के बाद दोबारा उठ खड़े होने की क्षमता है। इसी ताकत के बल पर समाज ने अपने लिए नए अवसर पैदा किए और अलग-अलग क्षेत्रों में अपनी पहचान बनाई।

डॉ. यादव भोपाल स्थित सिंधु भवन में आयोजित प्रादेशिक सिंधी सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।

Sindhi Samaj: राजा दाहिर, संत कंवर राम और हेमू कालानी की जीवनी पाठ्यक्रम में शामिल

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सिंधी समाज के महापुरुषों और उनके योगदान को नई पीढ़ी तक पहुंचाना जरूरी है। इसी दिशा में राजा दाहिर, संत कंवर राम और शहीद हेमू कालानी की जीवनी को स्कूली पाठ्यक्रम में शामिल किया गया है। उन्होंने कहा कि इन महापुरुषों के जीवन और संघर्ष से बच्चों को समाज, संस्कृति, देश और अपने मूल्यों के प्रति जुड़ने की प्रेरणा मिलेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस फैसले के साथ सरकार ने सिंधी समाज से किया अपना वादा भी पूरा किया है।

Sindhi Community के अधिकारों और सिंधी भाषा-संस्कृति के संरक्षण को लेकर सरकार प्रतिबद्ध

मुख्यमंत्री ने कहा कि सिंधी समाज के पास व्यापार की समझ और बिजनेस माइंडसेट तो है ही, साथ ही समाज सेवा, शिक्षा और दूसरे क्षेत्रों में भी नवाचार करने की क्षमता है। समाज के लोग अलग-अलग क्षेत्रों में अग्रणी भूमिका निभा रहे हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार सिंधी समाज के अधिकारों के संरक्षण के साथ-साथ सिंधी भाषा और संस्कृति के संवर्धन के लिए लगातार काम करती रहेगी। सरकार संवाद के जरिए समस्याओं का समाधान करने में विश्वास रखती है। भोपाल के मास्टर प्लान को लेकर भी मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार व्यापारियों के हितों की रक्षा को लेकर सजग है। इस मामले में जो भी श्रेष्ठ समाधान होगा, उसे किया जाएगा।

PM Modi के जन्मदिन से शुरू होगा 'सेवा से संकल्प' अभियान

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर उनके जन्मदिवस 17 सितंबर से मध्य प्रदेश में 'सेवा से संकल्प' अभियान शुरू किया जाएगा। उन्होंने बताया कि प्रदेश में 50 लाख लोगों की नि:शुल्क रजिस्ट्री कराने का काम किया जा रहा है। इसकी स्टाम्प ड्यूटी राज्य सरकार स्वयं वहन करेगी। इस पर करीब 5 हजार करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है।

मुख्यमंत्री के मुताबिक, स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन अभियान के तहत पहले ग्रामीण आबादी की संपत्तियों की रजिस्ट्री कराई जाएगी और राजस्व विभाग के माध्यम से संबंधित दस्तावेज उपलब्ध कराए जाएंगे। इसके बाद अगले चरण में शहरी क्षेत्रों के भू-खंडों की रजिस्ट्री का काम किया जाएगा।

MP Law and Order: अपराध और लापरवाही पर सख्त कार्रवाई का संदेश

कानून-व्यवस्था को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्य प्रदेश सरकार इस मामले में पूरी तरह सख्त है। अच्छा काम करने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रोत्साहित किया जा रहा है, जबकि लापरवाही या अपराध सामने आने पर कठोर कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के नेतृत्व में बालाघाट अब पूरी तरह नक्सल मुक्त हो चुका है।

सागर की घटना का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आरोपियों के खिलाफ की गई कार्रवाई से अपराधियों को साफ संदेश गया है कि कानून से खिलवाड़ किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सागर जहरीली शराब कांड के दूसरे आरोपी का भी आज शॉर्ट एनकाउंटर किया गया है। सरकार हर अपराधी के खिलाफ इसी तरह सख्त कार्रवाई करेगी। कार्यक्रम में सांसद शंकर लालवानी और प्रांतीय सिंधी सम्मेलन के कार्यक्रम संयोजक ईश्वर झावनानी ने भी संबोधित किया।